कोलकाता से चलने वाली पुरानी ऑनलाइन किराया लाइब्रेरी, जिसे इंजीनियर विकास खंडेलवाल ने शुरू किया था। सदस्य वेबसाइट पर अपनी बुकलिस्ट बनाते हैं, किताबें एक से दो कार्यदिवस में घर पहुँचती हैं और पढ़ने के बाद मुफ़्त में उठा ली जाती हैं। पचास से ज़्यादा श्रेणियाँ हैं, पेशेवर पढ़ाई से लेकर उपन्यास तक। लौटाने की कोई तय तारीख नहीं है और देर का जुर्माना भी नहीं, सदस्यता चालू रहने तक किताब पास रह सकती है।
कंपनी दफ़्तरों के लिए कॉर्पोरेट लाइब्रेरी भी बनाती है, यानी कर्मचारियों के लिए साझा संग्रह। वेबसाइट का डिज़ाइन पुराना है और ऐप नहीं है, इसलिए फ़ोन से चुनना उतना सहज नहीं। कोलकाता और हावड़ा में सेवा सबसे भरोसेमंद है, बाकी शहरों के लिए शर्तें पहले पूछ लेना बेहतर है।
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